मेनका गुरुस्वामी सुप्रीम कोर्ट में सीनियर वकील हैं। इन्होंने ऐतिहासिक संवैधानिक केस में बहस की थी, जिसके नतीजे में 2018 में भारतीय दंड संहिता की धारा 377 के रद होने के बाद भारत में होमोसेक्सुअलिटी को...