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यदि शरीर पर नीले दाग दिखे तो हो जाएं सावधान! जानें Cyanosis होने के कारण और बचाव के उपाय

Aryan
19 Feb 2026 9:00 AM IST
यदि शरीर पर नीले दाग दिखे तो हो जाएं सावधान! जानें Cyanosis होने के कारण और बचाव के उपाय
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सायनोसिस वह स्थिति है जब आपकी त्वचा, होंठ अथवा नाखून नीले रंग के हो जाते हैं।

नई दिल्ली। त्वचा पर नीला (blue) रंग दिखना आमतौर पर खून के बहाव या ऑक्सीजन की कमी से जुड़ा होता है। इसे मेडिकल भाषा में Cyanosis कहा जाता है। सायनोसिस वह स्थिति है जब आपकी त्वचा, होंठ अथवा नाखून नीले रंग के हो जाते हैं। यह तब होता है जब आपके रक्त में शरीर के विभिन्न ऊतकों तक पहुंचने के लिए आवश्यक ऑक्सीजन की कमी हो जाती है। सायनोसिस कई अलग-अलग स्थितियों के कारण हो सकता है। इनमें से कुछ गंभीर चिकित्सीय स्थितियां हो सकती हैं। निदान और उपचार कारण पर निर्भर करते हैं। हालांकि ऑक्सीजन थेरेपी आमतौर पर पहला उपचार होता है।

सायनोसिस के प्रकार

सायनोसिस तीन प्रकार का होता है: सरकमओरल (पेरिओरल), पेरिफेरल और सेंट्रल।

1. चोट लगने पर (Bruise)

जब चोट लगती है तो त्वचा के नीचे की छोटी रक्त-नलिकाएँ (capillaries) फट जाती हैं।

खून त्वचा के नीचे जमा हो जाता है, जिससे नीला या बैंगनी दाग दिखता है।

कुछ दिनों में यह हरा-पीला होकर ठीक हो जाता है।

2. ऑक्सीजन की कमी (Cyanosis)

जब खून में ऑक्सीजन कम हो जाती है, तो होंठ, उंगलियां या चेहरा नीला दिख सकता है।

यह निम्न कारणों से हो सकता है:

फेफड़ों की बीमारी (जैसे अस्थमा)

दिल की बीमारी

बहुत ठंड लगना

सांस लेने में दिक्कत

यदि नीला रंग सांस फूलने, चक्कर, या सीने में दर्द के साथ हो तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।

3. ठंड लगने पर

बहुत ठंड में शरीर खून को मुख्य अंगों की ओर भेजता है।

हाथ-पैरों में खून कम पहुंचने से वे नीले या बैंगनी दिख सकते हैं।

कब सावधानी बरतें

अचानक पूरा चेहरा या होंठ नीले हो जाए

सांस लेने में परेशानी हो

बच्चा या बुज़ुर्ग में यह लक्षण दिखें

ऐसी स्थिति में तुरंत चिकित्सा सहायता लें।

बचाव के उपाय

गर्मी और मालिश: ठंडे तापमान के संपर्क में आने और रेनॉड सिंड्रोम जैसी स्थितियों का इलाज प्रभावित क्षेत्रों को गर्म करने और मालिश करने से किया जा सकता है।

एंटीबायोटिक्स: एंटीबायोटिक्स निमोनिया जैसे संक्रमणों का इलाज कर सकते हैं।

इनहेलर: यदि अस्थमा या सीओपीडी जैसी फेफड़ों की बीमारी के कारण आपको सायनोसिस हुआ है, तो आपको चिकित्सक फेफड़ों को बेहतर ढंग से काम करने में मदद करने के लिए इनहेलर की सलाह दे सकता है।


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