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UPSC नियमों में बड़ा बदलाव! IAS-IFS बार-बार सिविल एग्जाम नहीं दे पाएंगे,जानें क्यों बार-बार एग्जाम देने पर लगी पाबंदी

Anjali Tyagi
5 Feb 2026 10:38 AM IST
UPSC नियमों में बड़ा बदलाव! IAS-IFS बार-बार सिविल एग्जाम नहीं दे पाएंगे,जानें क्यों बार-बार एग्जाम देने पर लगी पाबंदी
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नई दिल्ली। संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) ने सिविल सेवा परीक्षा 2026 के नोटिफिकेशन जारी कर दिया है। बता दें कि इस नोटिफिकेशन के साथ ही उन उम्मीदवारों के लिए नियमों में बड़ा बदलाव किया है। इस वर्ष कुल 933 पदों पर भर्ती निकाली गई है, जिसके लिए आवेदन की अंतिम तिथि 24 फरवरी है। इन नए नियमों के तहत IAS, IFS और विशेष रूप से IPS में पहले से नियुक्त उम्मीदवारों के दोबारा परीक्षा देने पर अधिक स्पष्ट और सख्त पाबंदियां लगा दी गई है। इन नियमों का लक्ष्य बार-बार सेवा बदलने को कम करना और प्रशासनिक स्थिरता सुनिश्चित करना है।

IAS और IFS अधिकारियों पर पूर्ण रोक

यदि कोई उम्मीदवार पहले से ही भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) या भारतीय विदेश सेवा (IFS) में नियुक्त है और उस पद पर कार्यरत है, तो वह CSE 2026 की परीक्षा में बैठने के लिए पात्र नहीं होगा। यदि वह दोबारा परीक्षा देना चाहता है, तो उसे अपनी वर्तमान सेवा से इस्तीफा देना होगा।

IPS अधिकारियों के लिए 'IPS विकल्प' बंद

जो उम्मीदवार पहले से ही भारतीय पुलिस सेवा (IPS) में हैं, वे परीक्षा तो दे सकते हैं, लेकिन वे दोबारा 'IPS' को विकल्प के रूप में नहीं चुन पाएंगे। उन्हें केवल अन्य सेवाओं (जैसे IAS, IFS आदि) के लिए ही विचार किया जाएगा।

सुधार के लिए केवल एक मौका

CSE 2026 के माध्यम से चयनित उम्मीदवारों को अपनी रैंक सुधारने के लिए केवल एक बार (CSE 2027 में) मौका मिलेगा। इसके लिए उन्हें फाउंडेशन कोर्स (FC) में शामिल होने से 'वन-टाइम' छूट लेनी होगी। 2027 के इस सुधार प्रयास के बाद, यदि वे फिर से परीक्षा देना चाहते हैं, तो उन्हें अनिवार्य रूप से इस्तीफा देना होगा।

पुराने चयनित उम्मीदवारों को राहत

जिन उम्मीदवारों का चयन CSE 2025 या उससे पहले हुआ है, उन्हें एक बार की छूट दी गई है। वे 2026 या 2027 में से किसी एक परीक्षा में बिना इस्तीफा दिए शामिल हो सकते हैं, बशर्ते उनके पास प्रयास (Attempts) शेष हों।

लाइव फोटो कैप्चर

अब फॉर्म भरते समय उम्मीदवारों को अपनी 'लाइव फोटो' अपलोड करनी होगी, ताकि परीक्षा केंद्र पर फेस ऑथेंटिकेशन (Face Authentication) सटीक रूप से हो सके।


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