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खामेनेई की हत्या के विरोध में सड़कों पर उतरा शिया मुस्लिम समुदाय , लखनऊ में विरोध प्रदर्शन

लखनऊ। ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की हत्या के विरोध में शिया मुसलमान लखनऊ में आज यानी रविवार को सड़कों पर उतर आए हैं। शिया मुस्लिम समुदाय के लोग खामेनेई की मौत पर शोक मना रहे हैं। शिया मुस्लिम समुदाय ने रोते बिलखते हुए नारेबाजी शुरू कर दी। यहां तक कि महिलाएं भी सड़कों पर रोते नजर आईं। जानकारी के मुताबिक, छोटे इमामबाड़े के पास बड़ी संख्या में शिया समुदाय के लोग एकत्रित हो गए।
मौलाना खालिद रशीद ने इस हमले की कड़ी निदा की
इस्लामिक सेंटर आफ इंडिया के अध्यक्ष और इमाम ईदगाह मौलाना खालिद रशीद ने कहा कि इस्राइल और यूएस ने मिलकर एक स्वतंत्र देश ईरान पर हमला किया, यहां तक की स्कूलों को भी नहीं बख्शा। हम इसकी निंदा करते हैं। वहीं, शिया चांद कमेटी के अध्यक्ष मौलाना सैफ़ अब्बास नक़वी ने कहा कि खामेनेई दुनिया के सभी मुसलमानों का ख्याल रखने वाले नेता थे। आज पूरी दुनिया ने देख लिया कि इस्राइल और यूएस ने किस तरह दहशत के माहौल बना दिया है।
अमेरिका और इस्राइल को दिया जाएगा करारा जवाब
खामेनेई की हत्या को लेकर शिया धर्मगुरु मौलाना यासूब अब्बास ने कहा कि हम शहादत से नहीं डरते हैं। ईरान ने अमेरिका और इस्राइल को कड़े शब्दों में कहा है कि ऐसा करारा जवाब दिया जाएगा कि वे इसे हमेशा याद रखेंगे। दुनिया दोनों देशों की तबाही देखेगी।
एक आजाद देश पर हमला करना गैरकानूनी
वहीं, खामेनेई की हत्या पर इस्लामिक सेंटर ऑफ़ इंडिया के चेयरमैन और ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड के एग्जीक्यूटिव मेंबर, खालिद रशीद फरंगी महली ने कहा ईरान एक आज़ाद देश है और जिस तरह से उस पर हमला किया गया है, वह सभी इंटरनेशनल कानूनों के खिलाफ है। हम इसकी कड़ी शब्दों में निंदा करते हैं और इंटरनेशनल कम्युनिटी से अपील करते हैं कि वे आगे आएं और इस जंग को रोकें। हम यह भी अपील करते हैं कि खामेनेई की हत्या के लिए जिम्मेदार लोगों पर इंटरनेशनल कोर्ट में केस चलाया जाए। मैं दुनिया भर के लोगों से और खासकर अपने देश के लोगों से, शांति बनाए रखने की अपील करता हूं।
बड़ा इमामबाड़ा पर लगा ताला
खामेनेई की मौत पर लखनऊ में शिया समुदाय के लोग तीन दिन तक शोक मनाएंगे। इस वजह से इमामबाड़ा, छोटा इमामबाड़ा, पिक्चर गैलरी सभी रविवार से ही बंद कर दिए गए हैं। कोई भी पर्यटक तीन दिन तक नहीं घूम पाएगा। बड़ा इमामबाड़ा पर ताला लगा दिया गया है।




