India Vs Newzealand: न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे सीरीज जीतने के इरादे से उतरेगा भारत, विराट और रोहित पर रहेगी नजर
चौथे नंबर पर उपकप्तान श्रेयस अय्यर पर अधिक जिम्मेदारी है।
नई दिल्ली। न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे सीरीज जीतने के इरादे से भारतीय टीम मैदान पर आज उतरेगी। इस मैच में सब की नजर भारत के स्टार खिलाड़ी विराट कोहली और रोहित पर रहेगी। सीरीज का दूसरा मैच जीत कर न्यूजीलैंड की टीम 1-1 की बराबरी आ गई है। न्यूजीलैंड टीम के पास भी भारत में पहली बार वनडे सीरीज जीतने का मौका है। आज का मैच बहुत कांटे का होने वाला है।
इंदौर के होल्कर स्टेडियम में तीसरा वनडे मैच खेला जाएगा
भारत और न्यूजीलैंड के बीच आज इंदौर के होल्कर स्टेडियम में तीसरा वनडे मैच खेला जाएगा। आज भारतीय टीम अंतिम एकादश के चयन की चुनौती और न्यूजीलैंड से घर में वनडे सीरीज न हारने का दबाव लेकर उतरेगी। राजकोट में दूसरा वनडे जीतकर आत्मविश्वास से ओत-प्रोत न्यूजीलैंड पहली बार भारतीय धरती पर वनडे सीरीज जीतकर नया इतिहास रचने के लिए बेकरार है। इतिहास के आंकड़े भले ही भारत के पक्ष में झुकते हों, लेकिन मौजूदा परिस्थितियों में मेहमान टीम की अपेक्षा मेजबान टीम बल्लेबाजी और गेंदबाजी, दोनों ही विभागों में अपने प्रदर्शन में निरंतरता बनाए रखने के लिए संघर्ष करती दिख रही है।
इस मैदान पर खूब बरसे हैं रन
होल्कर स्टेडियम के आंकड़ों की बात करें तो इस मैदान पर बहुत ज्यादा रन बनते हैं। यह स्टेडियम बल्लेबाजों के लिए अनुकूल है। यहां की पिच बल्लेबाजों को मदद करती है। भारत ने यहां खेले सभी सात मुकाबले जीते हैं, जिनमें 2023 में न्यूजीलैंड के ही खिलाफ 385 रन बनाकर 90 रन की जीत शामिल है। इसी मैदान पर 14 साल पहले वीरेंद्र सहवाग ने वेस्टइंडीज के खिलाफ 219 रन की पारी खेली और भारत ने 418 रन बनाए थे।
कमियों को दूर करने के लिए जमकर अभ्यास किया
होल्कर स्टेडियम में अपने अपराजित रिकॉर्ड को कायम करने की सबसे बड़ी जिम्मेदारी बल्लेबाजों को ही निभानी होगी। भारतीय खिलाड़ियों ने शनिवार को अपनी कमियों को दूर करने के लिए जमकर अभ्यास किया। बेहतरीन फॉर्म में चल रहे विराट कोहली, रोहित शर्मा और केएल राहुल पर रन बनाने का अधिक दारोमदार होगा। कप्तान शुभमन गिल लंबे समय बाद लगातार दो अर्धशतक लगाकर लय में लौटते दिख रहे हैं। उन्हें और रोहित को पहले विकेट के लिए विपक्षी गेंदबाजों का डटकर सामना कर बड़ी साझेदारी निभानी होगी। केएल राहुल को छोड़कर भारतीय टीम की कमजोर कड़ी मध्यक्रम साबित हो रहा है।