सागर मर्डर केसः पहलवान सुशील की याचिका पर हाईकोर्ट का नोटिस, 4 मई को होगी सुनवाई
नई दिल्ली। पहलवान सागर धनखड़ मर्डर केस में दिल्ली हाई कोर्ट ने आरोपी ओलंपिक पदक विजेता और पहलवान सुशील कुमार की जमानत याचिका पर नोटिस जारी किया है. दिल्ली पुलिस ने डिटेल्ड स्टेटस रिपोर्ट दाखिल करने के लिए समय मांगा है। इस दौरान हाई कोर्ट ने जेल अधिकारियों की भूमिका पर भी सवाल उठाया है। फिलहाल मामले की अगली सुनवाई 4 मई को होगी।
दलीलें
सुशील कुमार के वकील ने तर्क दिया कि चूंकि सभी मुख्य सार्वजनिक गवाहों के बयान दर्ज हो चुके हैं, इसलिए अब उन्हें हिरासत में रखने का कोई आधार नहीं है। वहीं, दिल्ली पुलिस और पीड़ित पक्ष ने इसका विरोध करते हुए कहा कि अभी भी कुछ महत्वपूर्ण गवाहों की गवाही बाकी है।
कई बार जमानत याचिका हुई खारिज
6 फरवरी 2026 को रोहिणी की एक निचली अदालत ने उनकी जमानत याचिका खारिज कर दी थी। वहीं अगस्त 2025 में सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली हाईकोर्ट द्वारा दी गई जमानत को रद्द कर दिया था, जिसके बाद उन्हें सरेंडर करना पड़ा था।
क्या है पूरा मामला
यह मामला 4 मई, 2021 की रात दिल्ली के छत्रसाल स्टेडियम में हुई एक हिंसक घटना से जुड़ा है। पुलिस के अनुसार, स्टेडियम परिसर में स्थित एक फ्लैट को खाली कराने और संपत्ति विवाद को लेकर दो गुटों में झगड़ा हुआ था। आरोप है कि सुशील कुमार और उनके साथियों ने जूनियर पहलवान सागर धनखड़ और उसके दोस्तों को अगवा कर स्टेडियम में हॉकी स्टिक और बेसबॉल बैट से बेरहमी से पीटा था। गंभीर चोटों के कारण इलाज के दौरान सागर धनखड़ की मौत हो गई थी। अक्टूबर 2022 में ट्रायल कोर्ट ने सुशील कुमार के खिलाफ हत्या (धारा 302), आपराधिक साजिश, दंगा और आर्म्स एक्ट के तहत आरोप तय किए थे।