जेएनयू में पुलिस और छात्रों के बीच विरोध मार्च के दौरान हिंसक झड़प, 14 लोगों को हुई गिरफ्तारी
नई दिल्ली। जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) में गुरुवार को छात्रों और पुलिस के बीच हुई हिंसक झड़प के बाद अब तक 14 छात्रों को गिरफ्तार किया गया है। इस घटना के संबंध में दिल्ली पुलिस ने वसंत कुंज नॉर्थ थाने में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के तहत FIR दर्ज की है।
प्रदर्शन का कारण
छात्र संघ ने यूजीसी (UGC) के नए नियमों, छात्र पदाधिकारियों के निष्कासन और कुलपति शांतिश्री डी. पंडित की हालिया विवादित टिप्पणियों के खिलाफ शिक्षा मंत्रालय तक 'लॉन्ग मार्च' निकालने की घोषणा की थी।
हिंसा की जानकारी
पुलिस का आरोप है कि प्रदर्शनकारियों ने बैरिकेड्स तोड़े, जूते और डंडे फेंके और पुलिसकर्मियों के साथ हाथापाई की, जिसमें करीब 25 पुलिसकर्मी घायल हुए हैं। वहीं, छात्रों ने पुलिस पर बर्बरता और बल प्रयोग का आरोप लगाया है।
दिल्ली पुलिस की कार्रवाई, 14 गिरफ्तार
वीडियो फुटेज के आधार पर उपद्रवियों की पहचान करने के बाद दिल्ली पुलिस ने वसंत कुंज नॉर्थ थाना में FIR दर्ज की है। पुलिस ने अब तक 14 मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें जेएनयू छात्र संघ (JNUSU) की पूरी शीर्ष लीडरशिप शामिल है:-
अदिति मिश्रा (अध्यक्ष, JNUSU)
नीतीश कुमार (पूर्व अध्यक्ष)
गोपिका बाबू (सचिव)
दानिश अली (संयुक्त सचिव)
इनके अलावा 10 अन्य छात्रों की भी गिरफ्तारी हुई है।