Begin typing your search above and press return to search.
मुख्य समाचार

बिना चीर-फाड़, ना कोई दर्द... अब होगा कैंसर का इलाज! मेडिकल सांइस ने कर दिखाया चमत्कार, जानिए क्या है Cryoablation

Anjali Tyagi
23 Jan 2026 9:00 AM IST
बिना चीर-फाड़, ना कोई दर्द... अब होगा कैंसर का इलाज! मेडिकल सांइस ने कर दिखाया चमत्कार, जानिए क्या है Cryoablation
x

नई दिल्ली। दुनियाभर में कैंसर से जुड़े कई मामले सामने आते है। कैंसर का नाम सुनते ही लोग इलाज से डरने लगते हैं। सर्जरी, कीमोथेरेपी का दर्द और लंबे इलाज की सोच मरीजों को मानसिक रूप से कमजोर कर देती है। लेकिन अब मेडिकल साइंस ने इलाज को काफी हद तक आसान बना दिया है। दिल्ली के इंद्रप्रस्थ अपोलो अस्पताल में डॉक्टरों ने बिना चीर-फाड़ एक नई तकनीक से ब्रेस्ट कैंसर का सफल इलाज किया है, जिसे क्रायोएब्लेशन (Cryoablation) कहा जाता है। Cryoablation कैंसर के उपचार की एक आधुनिक तकनीक है।

1. क्या है क्रायोएब्लेशन?

यह एक 'मिनिमली इनवेसिव' (न्यूनतम आक्रामक) प्रक्रिया है जिसमें कैंसर कोशिकाओं को मारने के लिए अत्यधिक ठंड (Extremely cold) का उपयोग किया जाता है [1, 5]। इसमें तरल नाइट्रोजन या आर्गन गैस का उपयोग करके ट्यूमर को जमा दिया जाता है।

2. यह कैसे काम करता है?

प्रक्रिया: डॉक्टर इमेजिंग (जैसे अल्ट्रासाउंड या सीटी स्कैन) की मदद से एक पतली सुई जैसी प्रोब (Cryoprobe) को त्वचा के माध्यम से सीधे ट्यूमर तक पहुँचाते हैं।

जमाना: इस प्रोब के जरिए गैस छोड़ी जाती है जो ट्यूमर के चारों ओर 'आइस बॉल' (बर्फ का गोला) बना देती है। इससे कैंसर कोशिकाएं जम जाती हैं और मर जाती हैं।

रिकवरी: मरी हुई कोशिकाओं को शरीर बाद में स्वाभाविक रूप से अवशोषित कर लेता है।

3. इसके मुख्य फायदे

न्यूनतम दर्द: इसमें पारंपरिक सर्जरी की तुलना में बहुत कम दर्द होता है।

कोई बड़ा चीरा नहीं: केवल एक छोटी सुई का उपयोग होता है, जिससे शरीर पर कोई बड़ा निशान नहीं बनता।

जल्द रिकवरी: अधिकांश मरीजों को उसी दिन या अगले दिन छुट्टी मिल जाती है।

दोहराने की सुविधा: यदि आवश्यक हो, तो इस प्रक्रिया को बार-बार किया जा सकता है।

4. किन कैंसरों में है उपयोगी?

इसका उपयोग मुख्य रूप से निम्नलिखित के लिए किया जाता है:

- प्रोस्टेट कैंसर

- किडनी (गुर्दे) का कैंसर

- लिवर कैंसर

- फेफड़ों का कैंसर

- ब्रेस्ट कैंसर (शुरुआती चरणों में)

Next Story