महिलाएं शनि देव की पूजा स्पर्श करके क्यों नहीं कर सकती हैं, जानें कारण
महिलाएं शनि देव की पूजा कर सकती हैं, या नहीं इसे लेकर काफी भ्रम है। हालांकि, पारंपरिक मान्यताओं के अनुसार, उन्हें शनिदेव की मूर्ति को स्पर्श (छूना) या उन पर तेल नहीं चढ़ाना चाहिए। वे मंदिर में दूर से दर्शन कर सकती हैं, दीपक जला सकती हैं और मानसिक पूजा कर सकती हैं। ऐसा कहा जाता है शनिदेव उनलोगों पर खुश रहते हैं, जो स्त्रियों को अपनी माता के समान सम्मान देते हैं शनिदेव उनकी सहयता हेतु तत्पर रहते हैं।
पूजा के दौरान ध्यान रखने योग्य बातें:
मूर्ति न छुएं: मान्यताओं के अनुसार, शनि देव की अत्यंत तीव्र ऊर्जा (नकारात्मक प्रभाव) के कारण महिलाओं को मूर्ति स्पर्श नहीं करना चाहिए।
तेल और दान: महिलाएं शनिदेव को सरसों का तेल अर्पित करने के बजाय, मंदिर में सरसों के तेल का दीपक जला सकती हैं। वे शनिवार को काली उड़द की दाल, काले तिल, या लोहे की वस्तुओं का दान कर सकती हैं।
पीपल की पूजा:
शनि देव की कृपा पाने के लिए शनिवार को पीपल के पेड़ की पूजा करना और जल चढ़ाना महिलाओं के लिए सबसे उत्तम उपाय माना जाता है।