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क्या आपको नींद न आने की शिकायत है या 3 से 4 बजे के बीच अचानक खुल जाती है तो लें यह टिप्स

अक्सर लोग शिकायत करते हैं कि उनकी नींद रात 3 से 4 बजे के बीच अचानक खुल जाती है। विशेषज्ञों के अनुसार, इसके पीछे शारीरिक और मानसिक दोनों कारण हो सकते हैं।
नींद का चक्र (Sleep Cycle): रात के इस पहर में हमारा शरीर 'गहरी नींद' (Deep Sleep) से निकलकर 'हल्की नींद' (REM Sleep) में प्रवेश करता है। इस दौरान हल्की सी आहट या बेचैनी भी आपको जगा सकती है।
कोर्टिसोल का स्तर: सुबह होने से पहले शरीर खुद को जगाने के लिए कोर्टिसोल (स्ट्रेस हार्मोन) रिलीज करना शुरू करता है। अगर आप तनाव में हैं, तो इसका स्तर जल्दी बढ़ सकता है, जिससे नींद टूट जाती है।
ब्लड शुगर और मेटाबॉलिज्म: रात के खाने और सुबह के बीच लंबा अंतराल होने के कारण शुगर लेवल गिर सकता है, जिससे शरीर 'अलर्ट मोड' में आ जाता है।
मानसिक स्वास्थ्य: एंग्जायटी या डिप्रेशन से जूझ रहे लोगों में यह समस्या आम है। मन में चल रहे विचार इस समय सबसे ज्यादा हावी होते हैं।
क्या करें?
बिस्तर पर मोबाइल का उपयोग न करें।
सोने से पहले ब्रीदिंग एक्सरसाइज या मेडिटेशन करें।
अगर 20 मिनट तक नींद न आए, तो उठकर कुछ हल्का काम करें और फिर वापस सोएं।
क्या आप अच्छी नींद के लिए कोई कस्टमाइज्ड डाइट प्लान या रिलैक्सेशन तकनीक जानना चाहेंगे?
बेहतर नींद के लिए अपनी दिनचर्या में ये बदलाव करना जादू की तरह काम कर सकता है। यहां एक सरल डाइट प्लान और रिलैक्सेशन तकनीक दी गई है।
डाइट प्लान (रात के लिए)
आपका खान-पान सीधे आपकी नींद की गहराई को प्रभावित करता है।
मैग्नीशियम से भरपूर चीजें: रात के खाने में बादाम, कद्दू के बीज (Pumpkin seeds) या पालक शामिल करें। यह मांसपेशियों को रिलैक्स करता है।
हर्बल टी: सोने से 1 घंटा पहले 'कैमोमाइल टी' (Chamomile Tea) पिएं। इसमें मौजूद तत्व दिमाग को शांत करते हैं।
हल्दी वाला दूध: दूध में 'ट्रिप्टोफैन' होता है जो नींद के हार्मोन (मेलाटोनिन) को सक्रिय करता है।
क्या न करें: रात 7 बजे के बाद कैफीन (चाय/कॉफी) और भारी मसालेदार भोजन से बचें।
रिलैक्सेशन तकनीक: '4-7-8' विधि
यह एक वैज्ञानिक तरीका है जो नर्वस सिस्टम को तुरंत शांत कर देता है। इसे सोने से ठीक पहले करें।
4 सेकंड तक नाक से गहरी सांस लें।
7 सेकंड तक सांस को अंदर ही रोक कर रखें (Hold)।
8 सेकंड तक मुंह से धीरे-धीरे सांस बाहर छोड़ें।
इसे 4-5 बार दोहराएं।
स्लीप हाइजीन (नींद का वातावरण)
15-20 मिनट नियम: अगर नींद खुल जाए और 20 मिनट तक न आए, तो जबरदस्ती लेटे न रहें। दूसरे कमरे में जाकर धीमी रोशनी में कोई किताब पढ़ें, जब तक दोबारा नींद न आने लगे।
तापमान: कमरा थोड़ा ठंडा रखें, क्योंकि शरीर का तापमान कम होने पर गहरी नींद आती है।




