लोकसभा में राहुल गांधी के बयानों को लेकर शशि थरूर का बड़ा दावा! कहा- उन्हें मौका ही नहीं मिला
लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी के संसद के अंदर दिए गए बयान पर कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने कहा कि मुझे लगता है कि सरकार की ओर से जरूरत से ज्यादा प्रतिक्रिया हुई, क्योंकि मेरी समझ से राहुल जी जिस मुद्दे को उठाना चाहते थे, वह पहले से ही सार्वजनिक है
नई दिल्ली। आज लोकसभा में भारी हंगामा देखने को मिला। लोकसभा के अंदर विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने आज संसद के अंदर कई बयान दिए। इसके बाद कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने उनके बयान को लेकर प्रतिक्रिया दी है। शशि थरूर ने कहा कि उन्हें अपनी चिंताएं व्यक्त करने का मौका ही नहीं मिला।
सैनिकों को बिल्कुल भी दोषी नहीं कहा गया
शशि थरूर ने कहा कि उन्हें अपनी चिंताएं व्यक्त करने का मौका ही नहीं मिला। लेख में सेना या सैनिकों को बिल्कुल भी दोषी नहीं ठहराया गया है। मुद्दा केंद्र सरकार द्वारा लिए गए या न लिए गए कुछ फैसलों से संबंधित है। मैं बस इतना ही कह सकता हूं कि मुझे लगता है कि सरकार को इतनी प्रतिक्रिया देने की जरूरत नहीं थी।
राहुल जी 'कारवां' पत्रिका में प्रकाशित मुद्दे उठाना चाहते थे
लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी के संसद के अंदर दिए गए बयान पर कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने कहा कि मुझे लगता है कि सरकार की ओर से जरूरत से ज्यादा प्रतिक्रिया हुई, क्योंकि मेरी समझ से राहुल जी जिस मुद्दे को उठाना चाहते थे, वह पहले से ही सार्वजनिक जानकारी में है। वे 'कारवां' पत्रिका में प्रकाशित एक लेख का हवाला दे रहे थे, जिसमें जनरल नरवणे के एक अप्रकाशित संस्मरण का उल्लेख है। इसलिए सरकार को पुस्तक के अप्रकाशित होने पर आपत्ति जताने के बजाय उन्हें बोलने देना चाहिए था, क्योंकि पत्रिका तो वैसे भी सार्वजनिक रूप से उपलब्ध है। कोई भी वही लेख पढ़ सकता है जो राहुल जी ने पढ़ा है। मुझे लगता है कि सरकार की जरूरत से ज्यादा प्रतिक्रिया ने आज दोपहर सदन को अनावश्यक रूप से ठप्प कर दिया। और मेरे विचार से, स्पष्ट रूप से, संसद के लिए यह बेहतर होता कि वह चर्चा को आगे बढ़ने देती, क्योंकि संसद का उद्देश्य ही यही है। यदि तथ्य गलत हैं, तो सबसे अच्छा तरीका तथ्यों को सुधारना है, न कि उन्हें प्रसारित होने से रोकना।