युद्ध के दौरान ईरान में 1230 लोगों की मौत, लाखों की संख्या में लोग कर रहे हैं पलायन
गहरे दबे बैलिस्टिक मिसाइल लॉन्चर और कम से कम 30 ईरानी जहाज शामिल हैं।
नई दिल्ली। युद्ध के दौरान ईरान में लगभग 1230 लोगों की मौत हो चुकी है। इस युद्ध में लेबनान समेत इजराइल में सबसे अधिक की मौत हो गई है। कुवैत पर मिसाइल और ड्रोन हमलों की खबरों के बाद अमेरिकी विदेश विभाग ने कहा कि उसने कुवैत में अपने दूतावास में कामकाज निलंबित कर दिया है। हालांकि अमेरिकी कर्मियों के घायल होने की कोई खबर नहीं है। वहीं कतर की वायु रक्षा ने एयरबेस पर ड्रोन हमले को नाकाम किया है। लोगों को घर के अंदर रहने की जरूरत पर जोर दिया।
तनाव अभी भी बरकरार है
ईरान ने इस्राइल, अमेरिकी सैन्य ठिकानों और क्षेत्र के कई देशों पर मिसाइल और ड्रोन हमलों की नई लहर शुरू कर दी। पश्चिम एशिया में तनाव अभी भी बरकरार है। युद्ध शुरू होने के बाद अब तक ईरान में लगभग 1230 लोगों की मौत, लेबनान समेत इस्राइल में 100 से ज्यादा लोगों की जान जा चुकी है। कतर के रक्षा मंत्रालय ने बताया कि वायु रक्षा बलों ने दोहा में अल उदैद हवाई अड्डे को निशाना बनाकर किए गए ड्रोन हमले को सफलतापूर्वक विफल कर दिया है। इससे पहले अधिकारियों ने एक अलर्ट जारी कर चेतावनी दी थी कि सुरक्षा खतरे का स्तर बढ़ गया है। इस्राइल ने बेरूत के दक्षिणी उपनगरों पर हमला किया, इसके पहले वहां के सभी निवासियों को तुरंत अपने घर खाली करने का आदेश दिया।
लेबनान की राजधानी में सड़कें जाम
लेबनान की राजधानी में सड़कें जाम हो गईं क्योंकि लोग डर के मारे भागने की कोशिश कर रहे थे और सेना ने यह भी तय किया कि कौन से रास्ते सुरक्षित हैं। इस हमले के पीछे पिछले सप्ताह ईरान पर अमेरिका और इस्राइल के हमलों के बाद शुरू हुए संघर्ष का असर है। हिजबुल्ला ने एक साल बाद इस्राइल पर मिसाइल और ड्रोन हमला किया, जिस पर इस्राइल ने दक्षिणी लेबनान और बीरेूत के उपनगरों में जवाबी कार्रवाई की। इस संघर्ष में अब तक 123 लोगों की जान जा चुकी है और 83,000 से ज्यादा लोग अपने घर छोड़ने को मजबूर हुए हैं। इस्राइल के कड़े रुख वाले वित्त मंत्री बेज़ेल स्मोट्रिच ने चेतावनी दी कि हेज़बोल्लाह के नियंत्रण वाले ये इलाके गाजा के खान यौनिस जैसी तबाही झेल सकते हैं।
72 घंटे में ईरान के लगभग 200 लक्ष्य तबाह किए
संयुक्त राष्ट्र शरणार्थी एजेंसी (UNHCR) के अनुसार, पश्चिम एशिया में जारी संघर्षों के चलते कम से कम 3,30,000 लोग मजबूरन अपने घर छोड़ चुके हैं। इनमें 1,00,000 लोग तेहरान से, 84,000 से ज्यादा लोग लेबनान से और लगभग 1,18,000 लोग अफगानिस्तान और पाकिस्तान से भागे हैं। अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने पिछले 72 घंटे में ईरान के लगभग 200 लक्ष्य तबाह किए। इसमें गहरे दबे बैलिस्टिक मिसाइल लॉन्चर और कम से कम 30 ईरानी जहाज शामिल हैं।