एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर्स बन रहा है शादी टूटने की वजह! विवाहेतर डेटिंग ऐप पर महिलाओं की संख्या में हुई 148% की बढ़ोतरी
एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर्स (विवाहेतर संबंध) भारत में रिश्तों के टूटने का एक प्रमुख और बढ़ता हुआ कारण बन रहे हैं। आधुनिक दौर में बदलती जीवनशैली, सोशल मीडिया की पहुंच और घटती सहनशीलता ने इस समस्या को और गंभीर बना दिया है।
बढ़ते मामले
हालिया रिपोर्ट्स के अनुसार, भारत में विवाहेतर संबंधों में भारी वृद्धि देखी गई है। उदाहरण के लिए, विवाहेतर डेटिंग ऐप Gleeden के भारत में 40 लाख से अधिक यूजर्स हो चुके हैं, जिसमें महिलाओं की संख्या में पिछले दो वर्षों में 148% की बढ़ोतरी हुई है।
तलाक का मुख्य आधार
भारतीय कानून, जैसे कि हिंदू विवाह अधिनियम, के तहत एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर को तलाक के लिए एक ठोस आधार माना जाता है। अदालतों में दायर होने वाले तलाक के मामलों में 'बेवफाई' (Infidelity) सबसे ज्यादा बताए जाने वाले कारणों में से एक है।
विश्वास का टूटना
किसी भी रिश्ते की बुनियाद विश्वास पर टिकी होती है। अफेयर की वजह से यह विश्वास पूरी तरह खत्म हो जाता है, जिसे दोबारा जोड़ना बेहद मुश्किल होता है।
मानसिक प्रभाव
बेवफाई न केवल रिश्ते को खत्म करती है, बल्कि धोखे का शिकार हुए साथी में तनाव, अवसाद (Depression) और आत्मविश्वास की कमी जैसे गहरे मनोवैज्ञानिक घाव भी छोड़ देती है।
बदलता दृष्टिकोण
पहले लोग सामाजिक दबाव और आर्थिक निर्भरता के कारण खराब रिश्तों को भी ढोते थे, लेकिन अब बढ़ती शिक्षा और आर्थिक आजादी (विशेषकर महिलाओं में) के कारण लोग बेवफाई को बर्दाश्त करने के बजाय अलग होना बेहतर समझते हैं।