ICE की गोली से अमेरिकी नागरिक की मौत, इमीग्रेशन एजेंटों ने मारी गोली, मचा हंगामा...
अधिकारियों ने बाद में पुष्टि की कि प्रेटी कानूनी रूप से हथियार लेकर चल रहा था और उसके पास वैध परमिट भी था।
नई दिल्ली।अमेरिका के मिनेसोटा राज्य में एक चौंकाने वाली घटना के बाद पूरे देश की राजनीति गरमा गई है। दरअसल संघीय इमिग्रेशन एजेंट्स की गोली से एक अमेरिकी नागरिक की मौत हो गई। इस मामले में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को कुछ नहीं समझ आया तो वह राज्य की डेमोक्रेट सरकार पर सीधा हमला बोल रहे हैं। उन्होंने इस घटना को भ्रष्टाचार छिपाने के लिए कवरअप बताया। ट्रंप ने आरोप लगाया कि स्थानीय नेता संघीय अधिकारियों के काम में रोड़े अटका रहे हैं। मृतक की पहचान 37 साल के एलेक्स प्रेटी के रूप में हुई है। वह मिनियापोलिस का रहने वाला था और अमेरिकी नागरिक था।
ट्रंप ने कहा
अधिकारियों ने बाद में पुष्टि की कि प्रेटी कानूनी रूप से हथियार लेकर चल रहा था और उसके पास वैध परमिट भी था। इस घटना के कुछ ही घंटों बाद ट्रंप ने सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए डेमोक्रेट नेताओं पर निशाना साधा। उन्होंने एक बंदूक की तस्वीर साझा की और लिखा कि यह इलाका डेमोक्रेट्स का गढ़ है, जहां संघीय एजेंसियों को काम करने नहीं दिया जाता। ट्रंप ने दावा किया कि स्थानीय प्रशासन ने जानबूझकर पुलिस को पीछे हटा लिया, जिससे ICE एजेंट अकेले पड़ गए।
DHS ने कहा
जानकारी के मुताबिक, हाल ही में एक फोन कॉल के दौरान कोलोराडो में रहने वाले उनके माता-पिता ने उन्हें विरोध प्रदर्शनों में भाग लेते समय सुरक्षित रहने के लिए कहा था। DHS ने इस घटना को हमला बताया और कहा कि सीमा गश्ती दल के एक अधिकारी ने आत्मरक्षा में कार्रवाई की, जब एक व्यक्ति कथित तौर पर बंदूक लिए पास आया और अधिकारियों द्वारा बंदूक छीनने की कोशिश करने पर उसने विरोध जताया।