ईरान ने ठुकराया 15 सूत्रीय युद्धविराम प्रस्ताव, कहा- जब तक तेज हमले करते रहेंगे सीधी वार्ता में नहीं होंगे शामिल...
ईरानी विदेश मंत्रालय ने कहा कि अमेरिका का 15 सूत्रीय प्रस्ताव अत्यधिक मांगों वाला है। हमने अपनी मांगों का एक अलग सेट तैयार कर उसे औपचारिक रूप दे दिया है।
नई दिल्ली। पश्चिम एशिया में जारी जंग रूकने का नाम नहीं ले रहा है। एक ओर अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप सैन्य कार्रवाई की चेतावनी दे रहे हैं, तो दूसरी ओर ईरान भी पीछे नहीं है। वह लगतार खाड़ी क्षेत्र में अमेरिकी संपत्तियों को तबाह कर रहा है। इस दौरान आज यानी सोमवार को ईरान ने कहा कि उसने मध्यस्थों की ओर पेश किए गए प्रस्तावों के लिए जवाब तैयार कर लिया है। हालांकि, ईरान यह भी साफ किया कि जब तक अमेरिका व इजराइल तेज हमले करते रहेंगे, तबतक वह सीधी वार्ता में शामिल नहीं होगा।
ईरानी विदेश मंत्रालय ने कहा
ईरानी विदेश मंत्रालय ने कहा कि अमेरिका का 15 सूत्रीय प्रस्ताव अत्यधिक मांगों वाला है। हमने अपनी मांगों का एक अलग सेट तैयार कर उसे औपचारिक रूप दे दिया है। इस संभावना को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता है कि इस्फहान में पायलट बचाव अभियान महज एक छल-कपट था। जिसका मकसद केवल ईरान के संवर्धित यूरेनियम को जब्त करना था। यह युद्धविराम विरोधी पक्ष को फिर से संगठित होने और अपनी कार्रवाई जारी रखने का मौका दे सकता है। मंत्रालय ने कहा कि ओमान के साथ बातचीत का फोकस होर्मुज जलडमरूमध्य के जरिये जहाजों के सुरक्षित मार्ग के लिए एक प्रोटोकॉल बनाने पर है।