सर्दियों की धूप: विटामिन D का खजाना और सेहत के फायदे, जानें धूप लेने का सही समय
सर्दियों के मौसम में धूप सेंकना न केवल आरामदायक होता है, बल्कि यह शरीर के लिए विटामिन D का सबसे बेहतरीन और प्राकृतिक स्रोत भी है। विशेषज्ञों का कहना है कि ठंडी हवाओं और कम धूप के कारण अक्सर भारतीय आबादी में, खासकर सर्दियों में, विटामिन D की कमी देखी जाती है, जिससे स्वास्थ्य पर बुरा असर पड़ता है।
विटामिन D के मुख्य लाभ
सर्दियों की धूप से मिलने वाला यह 'सनशाइन विटामिन' कई तरह से शरीर को फायदा पहुंचाता है:
हड्डियों और मांसपेशियों को मजबूती: विटामिन D कैल्शियम और फास्फोरस को अवशोषित करने में मदद करता है, जो हड्डियों के स्वास्थ्य के लिए आवश्यक हैं। इसकी कमी से बच्चों में रिकेट्स और वयस्कों में ऑस्टियोपोरोसिस (कमजोर हड्डियां) का खतरा बढ़ जाता है।
इम्यूनिटी बूस्ट: यह रोग प्रतिरोधक क्षमता (Immune System) को मजबूत करता है, जिससे सर्दी, जुकाम और अन्य मौसमी संक्रमणों से लड़ने में मदद मिलती है।
मानसिक स्वास्थ्य में सुधार: विटामिन D मस्तिष्क में सेरोटोनिन और डोपामाइन जैसे मूड-रेगुलेटिंग हार्मोन्स को नियंत्रित करता है। इसकी कमी से उदासी, थकान और यहां तक कि मौसमी डिप्रेशन (Seasonal Depression) की समस्या हो सकती है। सुबह या दोपहर की धूप लेने से मूड बेहतर होता है।
धूप लेने का सही तरीका
डॉक्टरों के अनुसार, विटामिन D के अधिकतम लाभ के लिए सुबह 11 बजे से दोपहर 3 बजे के बीच का समय सबसे अच्छा होता है, क्योंकि इस दौरान UVB किरणें सबसे अधिक सक्रिय होती हैं।
कितनी देर: अपनी त्वचा को बिना सनस्क्रीन के लगभग 15 से 30 मिनट तक धूप में रखें। त्वचा का एक बड़ा हिस्सा, जैसे हाथ और पैर, खुला रखने से विटामिन D का उत्पादन बेहतर होता है।
जरूरी बात: लंबे समय तक धूप में रहने से बचें और त्वचा को नुकसान से बचाने के लिए अत्यधिक धूप में सुरक्षा अवश्य बरतें।
यदि आप पर्याप्त धूप नहीं ले पाते हैं, तो डॉक्टर की सलाह पर आप विटामिन D सप्लीमेंट्स भी ले सकते हैं, साथ ही मशरूम, अंडे और फोर्टिफाइड दूध जैसे खाद्य पदार्थों को आहार में शामिल कर सकते हैं।