बिजली की खपत को लेकर Infosys ने सारे वर्कर्स को भेजा ईमेल! जानें क्या है कारण...
कंपनी ने इंटरनेशनल डेडलाइन से पहले कार्बन न्यूट्रैलिटी हासिल की है।
नई दिल्ली। देश की सबसे बड़ी आईटी कंपनी इंफोसिस अपने वर्कर्स से पता लगाने की कोशिश में है कि वर्क फ्रॉम होम के दौरान बिजली की खपत कितनी हो रही है। दरअसल इसका मकसद 15 साल से अदिक समय से चल रहे सस्टेनेबिलिटी प्रोग्राम के तहत अधिक क्लीन एनर्जी का उत्पादन कर बिजली की खपत को कम करना है। बता दें कि कंपनी के इस सर्वे का उद्देश्य एनर्जी बचाने के साथ-साथ बिजली के बारे में लोगों के बीच जागरूकता फैलाना है।
कर्मचारी महीने में कम से कम 10 दिन ऑफिस से करते हैं काम
जानकारी के मुताबिक, इंफोसिस में अभी हाइब्रिड वर्क पॉलिसी लागू है। इसके तहत, अधिकतर कर्मचारियों को महीने में कम से कम 10 दिन ऑफिस से काम करना होता है और बाकी दिन सभी घर से काम करते हैं। इंफोसिस के चीफ फाइनेंशियल ऑफिसर जयेश संघराजका ने कर्मचारियों को ईमेल के माध्यम से जानकारी दी कि कंपनी ने वर्क-फ्रॉम-होम के दौरान बिजली के इस्तेमाल का सर्वे शुरू किया है और उनसे कुछ मिनट निकालकर इस पर जवाब देना है।
CFO ने कहा
CFO के मुताबिक, हाइब्रिड वर्क हमारे ऑपरेशंस का एक आवश्यक हिस्सा बन गया है इसलिए हमारे काम का एनवायरनमेंट पर असर हमारे कैंपस से बाहर हमारे घरों तक फैल रहा है। घर से काम करते समय इस्तेमाल होने वाली बिजली भी इंफोसिस के ग्रीनहाउस गैस एमिशन फुटप्रिंट में योगदान दे रही है। जैसे-जैसे हम अपनी रिपोर्टिंग मेथोडोलॉजी को अपडेट कर रहे हैं, घर से काम करने के दौरान मौजूदा एनर्जी के इस्तेमाल पर सटीक डेटा हासिल करना हमारे लिए जरूरी है।
जानकारी के मुताबिक, इंफोसिस के बेंगलुरु ऑफिस में 300000 से अधिक कर्मचारी हैं। ऑफिस के कर्मचारियों ने कहा कि सस्टेनेबिलिटी हम सबकी जिम्मेदारी है। CFO ने यह भी कहा कि कंपनी ने अपनी उपलब्धियों से अपनी प्रतिबद्धता दिखाई है। कंपनी ने इंटरनेशनल डेडलाइन से पहले कार्बन न्यूट्रैलिटी हासिल की है।